1 year agoAttachment
मैं सोचूँ क्या बितती होगी उनपर जो रिश्तों के रास्ते में टूट के यूं बिखरें होंगें,
क्या हस्र हुआ होगा उनका जिन्हें इन रास्तों पर आगे बढ़ के मंजिल के लिए ठोकर खाएं होंगें,
कैसे संभाले होंगें खुदको जो संभालने वाले से यूं बिछड़े होंगें,
कैसे मुस्कराहट दिखना सीखे होंगें जो अंदर से पूरा टूट चुके होंगें,
क्या-क्या यूं छिपाए होंगें "सब कुछ ठीक है" ये कहने से पहले,
...
Updated 10 months ago
मैं सोचूँ क्या बितती होगी उनपर जो रिश्तों के रास्ते में टूट के यूं बिखरें होंगें,
क्या हस्र हुआ होगा उनका जिन्हें इन रास्तों पर आगे बढ़ के मंजिल के लिए ठोकर खाएं होंगें,
कैसे संभाले होंगें खुदको जो संभालने वाले से यूं बिछड़े होंगें,
कैसे मुस्कराहट दिखना सीखे होंगें जो अंदर से पूरा टूट चुके होंगें,
क्या-क्या यूं छिपाए होंगें "सब कुछ ठीक है" ये कहने से पहले,
...
Updated 10 months ago